]> करीब 200 विद्यार्थियों ने विधानसभा अध्यक्ष से किया संवाद, बोले—सत्ता पक्ष और विपक्ष के सहयोग से सुचारू रूप से चलता है सदन
शिमला। हिमाचल प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के आठवें दिन की कार्यवाही देखने पहुंचे करीब 200 छात्र-छात्राओं ने विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां से मुलाकात कर संसदीय व्यवस्था और सदन की कार्यप्रणाली की जानकारी हासिल की। आर्मी पब्लिक स्कूल डगशाई, विधि अध्ययन संस्थान शाहपुर, डीएवी पब्लिक स्कूल कुमारसेन और डीएवी पब्लिक स्कूल टूटू के विद्यार्थी इस संवाद में शामिल हुए।
विधानसभा परिसर में छात्रों ने अध्यक्ष से सदन की कार्यवाही संचालित करने की प्रक्रिया, विधानसभा के गठन, स्पीकर की भूमिका और मंत्रिपरिषद के गठन से जुड़े कई सवाल पूछे। पठानियां ने विद्यार्थियों के प्रश्नों का जवाब देते हुए उन्हें राज्य की संसदीय व्यवस्था और लोकतांत्रिक प्रणाली की कार्यप्रणाली से अवगत करवाया।
उन्होंने बताया कि भारत की संसदीय व्यवस्था संघीय ढांचे पर आधारित है। केंद्र स्तर पर संसद तथा राज्यों में विधानमंडल के माध्यम से शासन व्यवस्था संचालित होती है। उन्होंने कहा कि विधानसभा अध्यक्ष की प्रमुख जिम्मेदारी सदन की कार्यवाही को व्यवस्थित एवं सुचारू रूप से चलाना है। इसके लिए सत्ता पक्ष और विपक्ष, दोनों का सहयोग आवश्यक होता है।
कानून की पढ़ाई कर रहे विद्यार्थियों से संवाद करते हुए पठानियां ने कहा कि आने वाले समय में यही विद्यार्थी अधिवक्ता और न्यायाधीश बनकर देश की न्याय व्यवस्था का हिस्सा बनेंगे। उन्होंने विद्यार्थियों से लोकतांत्रिक मूल्यों, कानून के शासन और देश की स्वतंत्रता के लिए योगदान देने वाले महापुरुषों के आदर्शों को समझने का आह्वान किया।
उन्होंने स्वतंत्रता आंदोलन में अधिवक्ताओं की भूमिका का उल्लेख करते हुए मोती लाल नेहरू, विठ्ठलभाई पटेल, जवाहरलाल नेहरू, सरदार वल्लभभाई पटेल और डॉ. राजेंद्र प्रसाद जैसे नेताओं के योगदान को याद किया।
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि हिमाचल प्रदेश के विधानमंडल की अपनी समृद्ध परंपरा और गरिमा रही है। उन्होंने विद्यार्थियों को संसदीय लोकतंत्र की बारीकियों को समझने के लिए विधानसभा की कार्यवाही देखने का अवसर महत्वपूर्ण बताया।
इस दौरान उन्होंने सभी छात्र-छात्राओं को शुभकामनाएं दीं और उन्हें सदन की कार्यवाही देखने के लिए आमंत्रित किया। कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश सरकार के उपमुख्य सचेतक केवल सिंह पठानियां भी मौजूद रहे।















